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बिहार के पूर्व डीजीपी गुप्तेश्वर पांडेय ने 125 साल के राम लखन दास वैद्य से मुलाकात की, जिन्होंने अयोध्या में श्रीराम जन्मभूमि का ताला खुलवाने में भूमिका निभाई थी.
बिहार के पूर्व डीजीपी गुप्तेश्वर पांडेय का एक वीडियो तेजी से हो रहा है वायरलअयोध्या. बिहार के पूर्व डीजीपी और अब कथावाचक गुप्तेश्वर पांडेय ने हाल ही में अपने फेसबुक पेज पर एक वीडियो साझा किया, जिसमें उन्होंने 125 साल के राम लखन दास वैद्य से अपनी मुलाकात का जिक्र किया. इस मुलाकात को उन्होंने दावा किया है कि राम लखन दास जी वो शख्स हैं, जिन्होंने पहली बार अयोध्या में श्रीराम जन्मभूमि का ताला खुलवाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई थी. यह मुलाकात अयोध्या में एक धार्मिक आयोजन के दौरान हुई, जिसने न केवल श्रोताओं को आश्चर्यचकित किया, बल्कि राम जन्मभूमि आंदोलन के इतिहास को एक नया दृष्टिकोण भी दिया. अब वही राम लखन दास अयोध्या में दशरथ मंदिर का निर्माण करवा रहे हैं.
इस वीडियो ने सोशल मीडिया पर व्यापक चर्चा छेड़ दी है. कई लोगों ने इसे आध्यात्मिक और ऐतिहासिक दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण माना, जबकि कुछ ने इसकी सत्यता पर सवाल उठाए. इतिहासकारों का कहना है कि राम लखन दास वैद्य की कहानी की गहन जांच की आवश्यकता है, क्योंकि यह राम जन्मभूमि आंदोलन के अनछुए पहलुओं को उजागर कर सकती है. गुप्तेश्वर पांडेय की यह पहल उनकी आध्यात्मिक यात्रा का हिस्सा मानी जा रही है. बक्सर के एक साधारण परिवार से ताल्लुक रखने वाले पांडेय ने अपने कठिन परिश्रम से आईपीएस बनने का सफर तय किया और बाद में आध्यात्म की राह चुनी. उनकी यह मुलाकात और फेसबुक वीडियो न केवल उनके अनुयायियों के बीच उत्साह का कारण बना, बल्कि अयोध्या के धार्मिक महत्व को भी रेखांकित करता है.

भारतीय विद्या भवन से पत्रकारिता की पढ़ाई करने वाले रविशंकर सिंह सहारा समय न्यूज चैनल, तहलका, पी-7 और लाइव इंडिया न्यूज चैनल के अलावा फर्स्टपोस्ट हिंदी डिजिटल साइट में भी काम कर चुके हैं. राजनीतिक खबरों के अलावा…और पढ़ें
भारतीय विद्या भवन से पत्रकारिता की पढ़ाई करने वाले रविशंकर सिंह सहारा समय न्यूज चैनल, तहलका, पी-7 और लाइव इंडिया न्यूज चैनल के अलावा फर्स्टपोस्ट हिंदी डिजिटल साइट में भी काम कर चुके हैं. राजनीतिक खबरों के अलावा… और पढ़ें