बक्सर में गंगा और कर्मनाशा नदी का जलस्तर लगातार घट रहा है। इससे लोगों को राहत मिली है। बीते कई दिनों से बाढ़ के पानी के कारण जनजीवन प्रभावित था। अब हालात सुधरने लगे हैं।
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चौसा–मोहनिया स्टेट हाइवे पर चार फीट तक पानी चढ़ जाने के कारण वाहनों की आवाजाही पर रोक लगा दी गई थी। अब पानी घटने के साथ प्रशासन ने बैरिकेडिंग हटाकर यातायात बहाल कर दिया है। बड़ी गाड़ियों का परिचालन शुरू हो चुका है। अनुमान है कि शाम तक छोटे वाहन और बाइक सवार भी इस रास्ते से आसानी से गुजर सकेंगे।
खतरे के निशान से नीचे आ सकता है जलस्तर
बाढ़ नियंत्रण विभाग के अनुसार, गंगा नदी का जलस्तर प्रति घंटे एक सेंटीमीटर की रफ्तार से घट रहा है। अब यह खतरे के निशान के करीब पहुंच गया है। विभाग का अनुमान है कि रविवार तक जलस्तर खतरे के निशान से नीचे आ सकता है।
प्रशासन अभी भी अलर्ट मोड में है। दियारा क्षेत्र में नावों के संचालन के साथ-साथ तटबंधों की कड़ी निगरानी की जा रही है। इससे किसी भी आपात स्थिति से निपटा जा सकेगा।
कई गांवों का टूटा था संपर्क
सड़क पर पानी उतरते ही स्थानीय दुकानदारों और वाहन चालकों के चेहरे खिल उठे हैं। लंबे समय से बंद पड़ा मार्ग खुलने से सामान की आपूर्ति और रोजमर्रा के कामकाज में फिर से तेजी आई है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि बाढ़ के कारण कई गांवों का संपर्क टूट गया था। चौसा से मोहनिया जाने वालों को या तो घंटों इंतजार करना पड़ता था। या फिर वैकल्पिक लंबा मार्ग अपनाना पड़ता था। इससे समय और खर्च दोनों बढ़ जाते थे।
कीचड़ और फिसलन मौजूद
प्रशासन ने लोगों से सतर्क रहने की अपील की है। सड़क पर अभी भी हल्का कीचड़ और फिसलन मौजूद है। यह हादसे का कारण बन सकती है। अधिकारियों का कहना है कि जब तक बाढ़ का खतरा पूरी तरह टल नहीं जाता, तब तक निगरानी जारी रहेगी।